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by MAAN
Rated: E · Poetry · Adult · #2213311
दर्द शायरी
Ham Bikhar Gaye
Ishq Ki Hamare Bas Itni Si Kahani Hai,
Tum Bichhad Gaye Ham Bikhar Gaye,
Tum Mile Nahin Aur...
Ham Kisi Aur Ke Huye Nahi.

इश्क की हमारे बस इतनी सी कहानी है,
तुम बिछड गए हम बिख़र गए,
तुम मिले नहीं और...
हम किसी और के हुए नही।

Bahut Tadpaate Hain
Jab Milo Kisi Se
To Jara Door Ka Rishta Rakhna,
Bahut Tadpaate Hain
Aksar Seene Se Lagaane Waale.

जब मिलो किसी से
तो जरा दूर का रिश्ता रखना,
बहुत तङपाते है
अक्सर सीने से लगाने वाले।


बिछड़ कर आप से...
बिछड़ कर आप से हमको ख़ुशी अच्छी नहीं लगती,
लबों पर ये बनावट की हँसी अच्छी नहीं लगती,
कभी तो खूब लगती थी मगर ये सोचते हैं हम,
कि मुझको क्यों मेरी ये ज़िन्दगी अच्छी नहीं लगती


नाकाम मोहब्बत का नक्श...
आइने में अक्सर जो अक्स नज़र आता है,
खुद से लड़ता हुआ एक शख़्स नज़र आता है,
वो किसी बात पे खुद से खफा लगता है,
नाकाम मोहब्बत का नक्श नजर आता है।


ग़ज़ल मोहब्बतों की...
मैं किसे सुना रहा हूँ ये ग़ज़ल मोहब्बतों की,
कहीं आग साजिशों की कहीं आँच नफरतों की,
कोई बाग जल रहा है ये मगर मेरी दुआ है,
मेरे फूल तक न पहुँचे ये हवा तज़ामतों की।

ग़ज़ल मोहब्बतों की...
मैं किसे सुना रहा हूँ ये ग़ज़ल मोहब्बतों की,
कहीं आग साजिशों की कहीं आँच नफरतों की,
कोई बाग जल रहा है ये मगर मेरी दुआ है,
मेरे फूल तक न पहुँचे ये हवा तज़ामतों की।
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